शहर के सतरंजीपुरा, इमामवाड़ा, नेहरू नगर, गंजीपेठ, लकड़गंज, धारमपेठ और लक्ष्मीनगर जैसे इलाकों में जलभराव की तस्वीरें सामने आई हैं। बारिश के बाद इन इलाकों की सड़कें जलाशय जैसी नजर आईं। विशेषकर निचले इलाकों में पानी घरों तक पहुंच गया, जिससे निवासियों को काफी परेशानी हुई।
उमस से राहत, पर चिंता भी
बारिश से पहले पिछले कई दिनों से नागपुर में भीषण गर्मी और उमस का माहौल था। अधिकतम तापमान 38 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था और हवा में नमी के कारण नागरिक परेशान थे। बुधवार रात की तेज बारिश ने मौसम को सुहाना बना दिया। गुरुवार की सुबह तापमान में गिरावट दर्ज की गई और हवाओं में ठंडक घुल गई। नागरिकों ने राहत की सांस ली, लेकिन जलभराव की स्थिति ने प्रशासन की तैयारियों की पोल खोल दी।